Breaking News

Today Click 2115

Total Click 3591949

Date 22-02-18

प्रापर्टी दिलाने के नाम पर 100 लोगों से 3 करोड़ की ठगी,सगे भाई गिरफ्तार

By Mantralayanews :08-02-2018 08:08


रायपुर। पिछले सात साल से राजधानी में जमीन के धंधे में फर्जीवाड़ा कर 100 से अधिक लोगों को फ्लैट व प्लाट दिलाने के नाम पर 3 करोड़ ठगने वाले दो सगे भाइयों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। चौंकाने वाली बात यह है कि आरोपी बिल्डरों के खिलाफ मुजगहन समेत कुम्हारी, उरला थानाक्षेत्र में ठगी की दर्जनों शिकायतें धूल फांक रही थीं।

एसएसपी अमरेश मिश्रा ने इन लंबित मामलों को संज्ञान में लेकर गिरफ्तारी का आदेश दिया तब जाकर पुलिस टीम ने दोनों को छिंदवाड़ा में घेराबंदी कर पकड़ा। एडिशनल एसपी सिटी विजय अग्रवाल, क्राइम ब्रांच प्रभारी संजय सिंह ने बुधवार शाम को पुलिस कंट्रोल रूम में मीडिया के सामने आरोपी बिल्डरों को पेश कर मामले का खुलासा किया।

उन्होंने बताया कि ई-9 साई विला भाठागांव, टिकरापारा निवासी राजीव भोसले (33) पिता श्रवण तथा उसका भाई राकेश भोसले (31) ने वर्ष 2011 से रियल स्टेट का बिजनेस प्रारंभ किया। शुरुआती दिनों में इन्होंने जमीन खरीदने-बेचने का काम करने के बाद वर्ष 2013 में दोनों भाइयो ने भोसले प्रॉपर्टी प्रालि, भोसले कंसलटेंसी नामक फर्म बनाकर रायपुर समेत बिलासपुर, कोरबा, रायपुर, दुर्ग, धमतरी, कांकेर, दंतेवाड़ा एवं बालोद जिले के निवेशकों को कम दाम पर प्लाट-फ्लैट देने का झांसा देकर उनसे लाखों रुपए ले लिए लेकिन न प्लाट दिया और न फ्लैट।

एएसपी ने बताया कि सगे भाइयों के खिलाफ गोलबाजार, आजादचौक थाने में दर्जनों शिकायतें प्राप्त हुई हैं। वहीं प्रदेश के सभी जिलों से निवेशकों ने ठगी की शिकायत की है। पुलिस की गिरफ्त से बचने के लिए दोनों लगातार ठिकाने बदल-बदलकर छिपकर रह रहे थे।

निवेशकों को धमकाने मसल्स पावर का इस्तेमाल, बबलू हत्याकांड का चश्मदीद गवाह है राजीव कुम्हारी, बिरगांव, मुजगहन में साइट चलाकर राजीव भोसले ने निवेशकों के करोड़ों रुपए हजम किए।

जब निवेशक पैसा लौटाने के लिए दबाव बनाने लगे तो उन्हें धमकाने, थाने में शिकायत न करने के लिए मसल्स पावर का भी उसने इस्तेमाल किया। रहमानिया चौक के हिस्ट्रीशीटर बबलू रहमानिया उर्फ इरफान अली उसका बिजनेस पार्टनर रह चुका है।

पिछले साल ही सेजबहार में बबलू की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। उस दौरान बबलू के साथ गाड़ी में राजीव भोसले भी बैठा था। इस बहुचर्चित हत्याकांड में वह एकमात्र चश्मदीद गवाह है।

महंगे शौक ने पहुंचाया जेल

राजीव भोसले के शौक काफी महंगे हैं। वह पांच से दस हजार रुपए का रोज शराब पी जाता है। हर महीने दो लाख रुपए कमाने का टारगेट रखता है। कार में घूमने, शहर के हिस्ट्रीशीटरों से दोस्ती, बिजनेस पार्टनर बनाकर लोगों पर धौंस जमाना इसके शौक में शामिल है।
 

Source:Agency