Breaking News

Today Click 1700

Total Click 4004150

Date 19-11-18

47000 स्कूल, लेकिन इनोवेटिव आइडिया के आए सिर्फ 60 आवेदन

By Mantralayanews :12-07-2018 09:24


रायपुर। स्कूलों में राष्ट्रीय आविष्कार अभियान के तहत बच्चों के भीतर पनप रही वैज्ञानिक सोच को विकसित करने के लिए इंस्पायर अवार्ड के लिए आवेदन मांगे जा रहे हैं। इस योजना के तहत बच्चों से इनोवेटिव आइडियाज लिये जा रहे हैं। लेकिन प्रदेशभर के 47 हजार स्कूलों में से अभी तक महज 60 आवेदन ही आ पाए हैं। 10 जुलाई की स्थिति में सबसे अधिक रायगढ़ से 17 आवेदन हैं, जांजगीर 12 आवेदन के साथ दूसरे नंबर पर है। बाकी जिलों में खाते नहीं खुल पाए हैं।

धीमी गति को देखते हुए राजीव गांधी शिक्षा मिशन के संचालक एस प्रकाश ने जल्द से जल्द हर स्कूल से कम से कम पांच बच्चों को इंस्पायर अवार्ड के लिए प्रेरित कर आवेदन कराने के लिए निर्देश दिये हैं। इंस्पायर अवार्ड के लिए नामांकन भेजने की अंतिम तिथि 31 जुलाई और इग्नाइट अवार्ड के लिए 31 अगस्त है। इस तिथि के बाद यदि कोई आवेदन आएगा तो उसे अगले साल के लिए चुना जाएगा।

निजी स्कूलों को भी है पात्रता

इंस्पायर और इग्नाइट अवार्ड के लिए निजी स्कूल के बच्चों को भी पात्रता है। अतः निजी स्कूलों को भी पीपीटी, वीडियोज बनाकर नामांकन भेजने के लिए कहा गया है। सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे इस अवार्ड के लिए जल्द से जल्द आवेदन करें। कक्षा छह से दस तक के 10 से 15 आयु वर्ग के विद्यार्थियों का रजिस्ट्रेशन कराया जा सकता है।

क्या है इंस्पायर अवार्ड ?

इंस्पायर अवार्ड मानक योजना के अंतर्गत पहले स्कूल स्तर पर बच्चों के इनोवेटिव आइडियाज का चयन किया जाता है। ऐसे आइडिया जो समाज की समस्याओं का हल करें, उनका ऑनलाइन नोमिनेशन भरना पड़ता है। इसके बाद चयनित स्कूल जिला स्तरीय माडल प्रदर्शनी में विज्ञान से जुड़े मॉडलों को प्रदर्शित करते हैं।

राज्य स्तरीय प्रतियोगिता के बाद 10 प्रतिशत छात्र-छात्राओं का चयन राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता के लिए होता है। राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता के लिए चयन होने पर छात्रों को उच्च कोटि के संस्थान में प्रवेश के समय छह अंक अतिरिक्त बोनस के रूप में दिए जाएंगे। इस स्कीम को प्रधानमंत्री के स्टार्टअप इंडिया कार्यक्रम के साथ भी जोड़ा गया है।
 

Source:Agency