काले ग्रेनाइट से बनी प्राचीन भंवर गणेश मूर्ति लूटी:पुजारी को बंधक बना मंदिर से तोड़कर ले गए; करोड़ों रुपए
Updated on
26-08-2022 07:37 PM
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में ऐतिहासिक और दुर्लभ भंवर गणेश जी की काले ग्रेनाइट मूर्ति को एक बार फिर चोरों ने निशाना बनाया। गुरुवार रात मंदिर के सेवादार की कनपटी पर कट्टा अड़ाकर चोरों ने उनके हाथ पैर और मुंह बांध दिए। फिर उनकी पिटाई कर मूर्ति चोरी कर भाग निकले। सुबह जानकारी मिलते ही पुलिस के आला अधिकारी मौके पर पहुंच गए हैं। घटना मस्तूरी थाना क्षेत्र के इटवा पाली की है।ग्राम इटवा पाली में स्थित मंदिर में 10वीं और 11वीं सदी की प्राचीन भंवर गणेशजी की ग्रेनाइट की मूर्ति है। मंदिर की देखरेख करने वाला सेवक महेश केंवट गुरुवार रात मंदिर में ही सो रहा था। तभी चार बदमाश मंदिर परिसर में पहुंच गए। इस दौरान उन्होंने महेश की कनपटी पर कट्टा अड़ा दिया। उसके हाथ-पैर को बांध दिए और मुंह में टेप चिपका दिए। इस दौरान उसकी पिटाई भी की गई
तोड़कर ले गए बदमाश सालों पुरानी ऐतिहासिक मूर्ति करीब 3 फीट ऊंची और 65 किलो वजनी है। मूर्ति को चोरों ने पहले उखाड़ने की कोशिश की। इसके लिए वे औजार लेकर भी पहुंचे थे, लेकिन मूर्ति को उखाड़ नहीं पाए। इसलिए उसे औजार से अटास कर तोड़कर ले गए हैं। ग्रामीण सुबह जब मंदिर पहुंचे, तब सेवक बंधा मिला और गर्भ गृह से मूर्ति गायब थी।बताया गया कि मूर्ति को दो बार पहले भी साल 2014 और 2017 में चोरी करने का असफल प्रयास किया गया था। मूर्ति प्राचीन है और इसकी कीमत करोड़ों रुपए बताई जा रही है। वर्षों पुराने मंदिर से भंवर गणेश की मूर्ति चोरी होने की घटना से स्थानीय लोगों व ग्रामीणों में भारी आक्रोश है।चोरी की खबर मिलते ही मस्तूरी पुलिस की टीम के साथ SSP पारुल माथुर मौके पर पहुंच गईं। उन्होंने डॉग स्क्वायड, फिंगर प्रिंट एक्सपर्ट और एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट टीम को भी बुलाया लिया। पुलिस की टीम चोरों की जानकारी जुटा रही है।
छह माह पहले सेवादार ने शुरू किया काम प्रारंभिक पूछताछ में पुलिस अफसरों को मंदिर की देखरेख करने वाले सेवादार महेश केंवट की गतिविधियां संदिग्ध मिली हैं। उसने पुलिस को बताया कि छह माह से वह मंदिर की देखरेख कर रहा है। लेकिन, रात में मंदिर में दो बार ही सोया है। ऐसे में पुलिस को चोरी की वारदात में उसके शामिल होने का संदेह है।तीसरी बार हुई चोरी की वारदात, फिर भी सुरक्षा का इंतजाम नहीं
तिहासिक डिड़िनेश्वरी देवी की समकालीन है भंवर गणेश बताया जा रहा है कि इटवा पाली स्थित भंवर गणेश मंदिर और ग्रेनाइट की दुर्लभ मूर्ति मल्हार स्थित डिड़िनेश्वरी देवी की समकालीन है। सातवीं से दसवीं सदी के मध्य के विकसित मल्हार की मूर्तिकलाओं में भंवर गणेश को भी प्रमुख माना जाता है। मल्हार में बौद्ध स्मारकों तथा प्रतिमाओं का निर्माण इस काल की विशेषता माना जाता है। मल्हार और आसपास में कई प्राचीन मंदिरों के अवशेष मिलते हैं और यह एक महत्वपूर्ण पुरातत्व स्थल है।
दुर्ग । कलेक्टर अभिजीत सिंह की अध्यक्षता में आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में जिले में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए नगरीय निकायों के आयुक्त/मुख्य नगरपालिका अधिकारियों की…
राजनांदगांव। कलेक्टर जितेन्द्र यादव ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में जिला स्तरीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक लेकर सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत आयोजित होने वाले जनसमस्या निवारण शिविरों की तैयारियों की विस्तृत…
बालोद। छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा आज बालोद जिले के प्रवास पर पहुँचे। इस दौरान उन्होंने जिला एंव सत्र न्यायालय बालोद के विभिन्न कक्षों का निरीक्षण कर…
बालोद। राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी के निर्देशानुसार रविवार 03 मई को नीट परीक्षा 2026 का आयोजन जिला मुख्यालय बालोद के समीपस्थ ग्राम दुधली स्थित 02 परीक्षा केन्द्र पीएमश्री जवाहर नवोदय विद्यालय एवं…
अम्बिकापुर, प्रदेश सरकार द्वारा संचालित ‘सुशासन तिहार-2026’ ग्रामीणों की समस्याओं के समाधान और उन्हें सरकारी योजनाओं से सीधे जोड़ने का एक सशक्त माध्यम बन गया है। इसी क्रम में आयोजित ‘जन…
अम्बिकापुर। मुख्यमंत्री के मंशानुरूप जिले में आयोजित ‘सुशासन तिहार-2026’ के तहत जन समस्या निवारण शिविर वृद्धजनों के लिए विशेष रूप से मददगार साबित हो रही हैं। इसी क्रम में ग्राम सखौली…
रायपुर/बिलासपुर/भिलाई, प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने गुरुवार तड़के छत्तीसगढ़ के छह प्रमुख शहरों रायपुर, बिलासपुर, कोरबा, दुर्ग, भिलाई और अंबिकापुर में एक साथ दबिश दी। यह कार्रवाई भारतमाला सड़क परियोजना में हुए…
रायपुर, राजधानी रायपुर में चेन स्नैचिंग की घटनाएं लगातार बढ़ती जा रही हैं। खम्हारडीह इलाके में घर के बाहर पानी भर रही महिला से अज्ञात बदमाश ने सोने की चेन झपट…
बिलासपुर, बिलासपुर में प्राइवेट स्कूलों की ज्यादा फीस, महंगी किताबें और नियम न मानने को लेकर एनएसयूआई ने विरोध शुरू किया है। प्रदेश सचिव रंजेश सिंह ने स्कूलों पर नियम तोड़ने…