Select Date:

12-15 दिन की देरी, ज्‍यादा खर्च, युद्ध के बीच भारतीयों ने बदला रास्‍ता, यहां से गुजर रहा माल

Updated on 24-04-2026 05:35 PM
नई दिल्‍ली: पश्चिम एशिया में संकट को चलते हुए अब लगभग दो महीने हो गए हैं। ऐसे में भारतीय निर्यातक अपने कामकाज को सामान्य बनाने की कोशिश करने में जुटे हैं। शिपमेंट अब ' केप ऑफ गुड होप ' के लंबे रास्ते से भेजे जा रहे हैं। पूरा फोकस न‍िर्यात को बनाए रखने पर है। हालांक‍ि, इस लंबे रास्‍ते को अपनाने के नुकसान भी हैं।

लंबा रास्‍ता लेने से बढ़ रही है लागत

एक उद्योग सूत्र ने बताया, 'लाल सागर का रास्ता कुछ समय से बंद है। अब युद्ध और होर्मुज स्ट्रेट के बंद होने के कारण हम अपने कारोबार को जारी रखने की कोशिश कर रहे हैं।'
उन्होंने यह भी बताया कि ज्‍यादातर निर्यातक अब इस लंबे रास्ते का इस्तेमाल कर रहे हैं। इस प्रक्रिया में लागत भी लगातार बढ़ रही है।

हालांकि, बढ़ती हुई लागत, जिसका बोझ आखिरकार निर्यातकों को ही उठाना पड़ रहा है, उनके लिए चिंता का प्रमुख विषय है। वे इस संबंध में वाणिज्य मंत्रालय से भी बातचीत कर रहे हैं ताकि उन्हें कुछ और राहत उपाय उपलब्ध कराए जा सकें।

एक साल से मुश्‍क‍िलें

एक अन्य सूत्र ने कहा, 'व्यापार में मुश्किलें पिछले एक साल से भी ज्‍यादा समय से चली आ रही हैं। इसकी शुरुआत तब हुई थी जब अमेरिका ने अपने टैरिफ संबंधी उपायों की घोषणा की थी। अब हम पश्चिम एशिया के संकट से जूझ रहे हैं। अपने खरीदारों के साथ मिलकर यह आकलन करने की कोशिश कर रहे हैं कि माल ढुलाई में हुई अतिरिक्त लागत का कितना हिस्सा वे खुद वहन करने को तैयार होंगे।'

सरकार ने क्‍या क‍िए हैं उपाय?

युद्ध के कारण समस्याओं का सामना कर रहे निर्यातकों की मदद के लिए वाणिज्य मंत्रालय ने 19 मार्च को 'RELIEF' नाम के पैकेज की शुरुआत की थी। यह एक विशेष पहल थी। इसका मकसद उन भारतीय निर्यातकों को सहायता प्रदान करना था जो माल ढुलाई की लागत में बढ़ोतरी, बीमा प्रीमियम में इजाफे और खाड़ी के अलावा व्यापक पश्चिम एशिया के समुद्री गलियारे में पैदा हुए व्यवधानों के कारण युद्ध-संबंधी निर्यात जोखिमों से प्रभावित हुए थे।

सूत्रों के अनुसार, मार्च 2026 के बाद अप्रैल में भी जारी युद्ध का निर्यात पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। मार्च 2025 में जहां वस्तुओं का निर्यात 42.05 अरब डॉलर था। वहीं, मार्च 2026 में यह सालाना आधार पर 7.44% घटकर 38.92 अरब डॉलर रह गया।

इसके साथ ही मार्च महीने में पश्चिम एशिया को होने वाले भारत के निर्यात में भी 57.95% की भारी गिरावट दर्ज की गई।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 29 April 2026
नई दिल्‍ली: पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के बीच ईरान के सामने एक नई समस्या खड़ी हो गई है। उसे न सिर्फ ऑयल एक्सपोर्ट करने में मुश्किल हो रही है, बल्कि…
 29 April 2026
नई दिल्‍ली: सोने और चांदी की कीमत में आज तेजी आई है। एमसीएक्स पर शुरुआती कारोबार में सोना 1,500 रुपये महंगा हो गया जबकि चांदी की कीमत में 1,000 रुपये की…
 29 April 2026
नई दिल्ली: प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने रिलायंस कम्युनिकेशंस (RCom) बैंक धोखाधड़ी मामले में अनिल अंबानी ग्रुप की 3034.90 करोड़ रुपये की अतिरिक्त संपत्तियां अस्थायी रूप से अटैच की हैं। इसके साथ…
 29 April 2026
नई दिल्ली: जोहो (Zoho) के फाउंडर श्रीधर वेम्बु ( Sridhar Vembu ) की ओर से अमेरिका में बसे भारतीयों से वतन वापसी की अपील के बाद एक नई बहस छिड़ गई…
 29 April 2026
नई दिल्ली: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने पसंदीदा टैरिफ (आयात शुल्क) को सुप्रीम कोर्ट द्वारा असंवैधानिक घोषित किए जाने के बाद अब एक नया रास्ता निकाला है। ट्रंप प्रशासन अब…
 29 April 2026
नई दिल्ली: दिग्गज उद्योगपति मुकेश अंबानी की कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज ने बड़ी उपलब्धि हासिल की है। मार्केट कैप के हिसाब से देश की सबसे बड़ी कंपनी का सालाना प्रॉफिट 10 अरब…
 29 April 2026
 देश में डिजिटल ट्रांजेक्शन की राह आसान करने वाला संगठन है नेशनल पेमेंट कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI)। इसका कहना है कि जैसे-जैसे इसका उपयोग बढ़ रहा है, वैसे-वैसे लोगों के…
 29 April 2026
नई दिल्ली: शेयर मार्केट में बुधवार को जबरदस्त तेजी आई। सेंसेक्स 900 अंक से ज्यादा उछल गया। वहीं बंधन बैंक के शेयर में 12 फीसदी से ज्यादा का उछाल देखा गया।…
 28 April 2026
नई दिल्ली: पश्चिम एशिया संकट का असर भारत में सिर्फ कच्चे तेल या गैस तक सीमित नहीं है। खाड़ी देशों से आने वाली खाद यानी उर्वरक पर भी इसका असर दिखाई…
Advt.